एसएससी सीजीएल

सामान्य विज्ञान - भौतिकी

सामान्य विज्ञान SSC CGL सामान्य जागरूकता में सबसे महत्वपूर्ण और स्कोरिंग विषयों में से एक है। हर साल सामान्य विज्ञान से सीधे 4 से 7 प्रश्न आते हैं - भौतिकी, रसायन विज्ञान और जीव विज्ञान को कवर करते हुए। SSC CGL में पूछे जाने वाले सामान्य विज्ञान प्रश्नों में भौतिकी का सबसे बड़ा हिस्सा होता है। मात्रक और माप, न्यूटन के नियम, प्रकाश, ध्वनि, विद्युत और चुंबकत्व जैसे विषय बार-बार पूछे जाते हैं।

 


 

1. मात्रक और मापन

 

1.1 SI प्रणाली (अंतर्राष्ट्रीय मात्रक प्रणाली)

SI प्रणाली माप की वैश्विक स्तर पर स्वीकृत मानक प्रणाली है। इसमें 7 मूल मात्रक हैं:

भौतिक राशिSI मात्रकसंकेत
लंबाईमीटरm
द्रव्यमानकिलोग्रामkg
समयसेकंडs
तापकेल्विनK
ज्योति तीव्रताकैंडेलाCd
विद्युत धाराएंपियरA
पदार्थ का परिमाणमोलmol

 

1.2 महत्वपूर्ण मात्रक - मिलान कीजिए (बार-बार पूछे जाते हैं)

भौतिक राशिSI मात्रक
विद्युत धाराएंपियर
विभवांतर (वोल्टेज)वोल्ट
धारिताफैरड
प्रेरकत्वहेनरी
बलन्यूटन
कार्य/ऊर्जाजूल
शक्तिवाट
दाबपास्कल
चुंबकीय क्षेत्र की तीव्रताएंपियर/मीटर या वेबर/मीटर²
आवृत्तिहर्ट्ज

 

1.3 अन्य महत्वपूर्ण मात्रक

मात्रकमापता है
डेसिबल (dB)ध्वनि की तीव्रता
पारसेकखगोलीय दूरी (लंबाई) - लगभग 3.262 प्रकाश वर्ष
प्रकाश वर्षनिर्वात में प्रकाश द्वारा एक वर्ष में तय की गई दूरी
टॉरवायुमंडलीय दाब (1 वायुमंडल = 760 टॉर)
ब्यूफोर्ट स्केलहवा की गति/वेग (0 = शांत, 12 = तूफान)
निटचमक (प्रकाश तीव्रता प्रति इकाई क्षेत्रफल)

नोट: पारसेक लंबाई/दूरी का मात्रक है - घनत्व या द्रव्यमान का नहीं।

 

1.4 मापक यंत्र

यंत्रमापता है
सिस्मोग्राफभूकंप की तीव्रता
थर्मोमीटरताप
पाइरोमीटरउच्च ताप
फैदोमीटरसमुद्र की गहराई
बैरोमीटरवायुमंडलीय दाब
हाइग्रोमीटरवायुमंडलीय आर्द्रता
एनीमोमीटरहवा की गति/वेग
हाइड्रोमीटरतरल पदार्थ का विशिष्ट घनत्व
ऑडियोमीटरध्वनि की तीव्रता
फोटोमीटरप्रकाश की तीव्रता
स्पाइगमोमैनोमीटरधमनियों में रक्त दाब
गैल्वेनोमीटरसूक्ष्म विद्युत धारा
वोल्टमीटरवोल्टेज/विभवांतर
अमीटरविद्युत धारा
सेक्सटेंटनौसंचालन में कोण माप
स्पेक्ट्रोहेलियोग्राफसूर्य की फोटोग्राफी
यूडियोमीटरगैस के मिश्रण का आयतन
टेंशियोमीटरमृदा की नमी
हाइप्सोमीटरऊंचाई मापने के लिए पानी का क्वथनांक

 

1.5 भौतिक राशियां

अदिश राशियां - केवल परिमाण:

  • द्रव्यमान, दूरी, चाल, कार्य, ताप, समय, ऊर्जा

सदिश राशियां - परिमाण और दिशा दोनों:

  • वेग, बल, त्वरण, विस्थापन, संवेग

महत्वपूर्ण: समतल कोण (रेडियन) वह भौतिक राशि है जो व्यंजक चाप/त्रिज्या के लिए है। इसकी SI इकाई रेडियन है।

 


 

2. यांत्रिकी

 

2.1 शक्ति

  • शक्ति कार्य करने की दर है
  • यदि समय t में कार्य W किया जाए तो शक्ति = W/t
  • SI मात्रक: वाट (W) - वैज्ञानिक जेम्स वाट के नाम पर
  • 1 अश्वशक्ति = लगभग 746 वाट

 

2.2 ऊर्जा

गतिज ऊर्जा:

  • किसी वस्तु की गति के कारण उसमें निहित ऊर्जा
  • सूत्र: KE = ½mv²
  • द्रव्यमान और वेग दोनों पर निर्भर करती है
  • उदाहरण: गिरता नारियल, तेज रफ्तार कारें, लुढ़कते पत्थर, उड़ते विमान

स्थितिज ऊर्जा:

  • किसी वस्तु की स्थिति या विन्यास के कारण संचित ऊर्जा
  • सूत्र: PE = mgh
  • उदाहरण: बांध में संचित जल, खिंची हुई स्प्रिंग

ऊर्जा रूपांतरण (बार-बार पूछे जाते हैं):

  • प्रकाश संश्लेषण: प्रकाश ऊर्जा → रासायनिक ऊर्जा
  • बैटरी: रासायनिक ऊर्जा → विद्युत ऊर्जा
  • पवन चक्की: गतिज ऊर्जा → यांत्रिक ऊर्जा
  • विद्युत मोटर: विद्युत ऊर्जा → यांत्रिक ऊर्जा
  • जलविद्युत: स्थितिज ऊर्जा → गतिज ऊर्जा → विद्युत ऊर्जा

 

2.3 न्यूटन के गति के नियम

प्रथम नियम (जड़त्व का नियम):

  • विराम में रखी वस्तु विराम में और गतिमान वस्तु एक समान गति में तब तक रहती है जब तक कोई बाह्य बल न लगाया जाए
  • जड़त्व का नियम भी कहते हैं
  • उदाहरण: बस के अचानक रुकने पर यात्री आगे की ओर झुकते हैं

द्वितीय नियम (बल का नियम):

  • किसी पिंड के संवेग में परिवर्तन की दर उस पर लगाए गए बल के बराबर होती है
  • सूत्र: F = ma (बल = द्रव्यमान × त्वरण)
  • बल की परिमाणात्मक परिभाषा यही नियम देता है

तृतीय नियम (क्रिया-प्रतिक्रिया का नियम):

  • प्रत्येक क्रिया की उसके बराबर और विपरीत प्रतिक्रिया होती है
  • उदाहरण: तोप फायरिंग के बाद पीछे हटना

 

2.4 बल

चार मूलभूत बल (परास के घटते क्रम में):

बलपरास
गुरुत्वीयअनंत
विद्युत चुंबकीयअनंत
दुर्बल नाभिकीय10⁻¹⁸ m
प्रबल नाभिकीय10⁻¹⁵ m

दुर्बल नाभिकीय बल के परास का घातांक: 10⁻¹⁶ m

 

2.5 चाल/वेग

अभिकेंद्रीय त्वरण सूत्र:

  • वृत्ताकार पथ पर गतिमान पिंड के लिए: Ac = v²/R
  • जहां Ac = अभिकेंद्रीय त्वरण, v = चाल/गति, R = त्रिज्या

 

2.6 प्रक्षेप्य गति

  • जब किसी कण को ऊर्ध्वाधर ऊपर फेंका जाता है और वह उच्चतम बिंदु पर पहुंचता है - त्वरण नीचे की ओर होता है
  • पृथ्वी की सतह से प्रक्षेपित पिंड की गति के दौरान उसके वेग का क्षैतिज घटक स्थिर रहता है (वायु प्रतिरोध नगण्य मानने पर)

 

2.7 त्वरण

  • किसी पिंड के वेग में परिवर्तन की दर
  • सूत्र: a = (v - u)/t
  • SI मात्रक: m/s² या m·s⁻² (सेकंड का घातांक -2 होता है)
  • मुक्त रूप से गिरने वाली वस्तु एकसमान त्वरण का उदाहरण है

 

2.8 घर्षण

  • दो सतहों के बीच आपेक्षिक गति का विरोध करने वाला बल
  • खुरदरी सतह घर्षण बल बढ़ाती है
  • वाहन पर ब्रेक लगाने से रोकने वाला बल घर्षण बल है
  • घर्षण बल के कारण ही मनुष्य पृथ्वी पर चल पाता है

 


 

3. गुरुत्वाकर्षण

 

3.1 गुरुत्व और भार

  • भार किसी पिंड पर लगने वाला गुरुत्वाकर्षण बल है
  • g (गुरुत्वीय त्वरण) पृथ्वी के ध्रुवों पर सर्वाधिक होता है
  • g विषुवत रेखा पर न्यूनतम होता है
  • किसी वस्तु का अधिकतम भार पृथ्वी के ध्रुवों पर होगा
  • यदि पृथ्वी के घूर्णन की गति बढ़ जाए - शरीर का वजन घट जाएगा

 

3.2 अंतरिक्ष में भारहीनता

  • अंतरिक्ष यान में अपनी कक्षा में परिक्रमा करने पर - यान की गति से उत्पन्न अपकेंद्री बल पृथ्वी के गुरुत्वाकर्षण को संतुलित करता है
  • दो विपरीत बलों का संतुलन होने से अंतरिक्ष यान पर गुरुत्वाकर्षण शून्य हो जाता है
  • इसीलिए अंतरिक्ष यात्री शून्य गुरुत्वाकर्षण के कारण भारहीनता महसूस करते हैं

 


 

4. पदार्थों के गुण

 

4.1 प्रत्यास्थता

  • कमानी तुला (स्प्रिंग बैलेंस) हुक के नियम पर काम करती है
  • हुक का नियम: F = -Kx (लंबाई में परिवर्तन बल के समानुपाती)
  • प्रतिबल, विकृति के अनुक्रमानुपाती होता है (प्रत्यास्थता की सीमा के भीतर)

 

4.2 पृष्ठ तनाव, केशिकत्व और श्यानता

  • काँच की प्लेट पर पानी की बूंद फैलती है और पारे की बूंद गोलाकार रहती है क्योंकि:
    • पारे का ससंजक बल (एक ही पदार्थ के अणुओं के बीच) उसकी काँच के साथ असंजक शक्ति से अधिक है
    • पानी की ससंजकता, काँच के साथ उसकी आसंजकता से कम है - इसलिए फैलती है
  • वायु के बुलबुले तरल में श्यानता और उत्प्लावन के कारण उठते हैं

 

4.3 उत्प्लावकता और आर्किमिडीज का सिद्धांत

  • ताजे अंडे को नमक के पानी में डालने पर तैरता है क्योंकि नमक के घोल का घनत्व अंडे के घनत्व से अधिक होता है
  • यदि आकर्षण शक्ति (गुरुत्वाकर्षण) न हो - तरल पदार्थ पर ऊपरी दाब लागू नहीं होगा

 

4.4 दाब

  • पर्वतीय क्षेत्रों में जल का क्वथनांक समुद्र तल की तुलना में कम होता है
  • कारण: ऊंचाई पर वायुमंडलीय दाब कम होता है - कम दाब पर क्वथनांक कम होता है
  • पास्कल का नियम: दाब प्रति इकाई क्षेत्रफल पर लगने वाले बल जिस पर वह कार्य करता है, के बराबर होता है

 

4.5 घनत्व

  • ताजे अंडे को नमक के पानी में डालने पर तैरता है क्योंकि नमक के घोल का घनत्व अंडे से अधिक होता है

 

4.6 अणुगति सिद्धांत

  • किसी गैस का आणविक द्रव्यमान उसके वाष्पदाब से दोगुना होता है
  • आणविक द्रव्यमान = 2 × वाष्पदाब

 


 

5. ऊष्मा

 

5.1 ताप और ताप-मापन

  • किसी तरल पदार्थ के क्वथनांक पर उस तरल पदार्थ का तापमान नियत रहता है
  • परम शून्य (0 K) वह तापमान है जिस पर गैसों में आणविक गति बंद हो जाती है
  • 0 K = -273°C
  • परम शून्य से कम तापमान संभव नहीं
  • केल्विन स्केल का नामकरण ब्रिटिश भौतिक शास्त्री विलियम थॉमसन (लॉर्ड केल्विन) के नाम पर

मात्रकों में संबंध:

  • 1 जूल = 0.24 कैलोरी
  • 1 कैलोरी = 4.186 जूल
  • 1 किलोकैलोरी = 4.186 × 10³ जूल = 1000 कैलोरी

 

5.2 ऊष्मीय ऊर्जा, चालन और विकिरण

  • किसी पदार्थ में ताप परिवर्तन के दौरान संभारित ऊष्मा गतिज ऊर्जा के रूप में संग्रहित रहती है
  • सूर्यास्त के बाद भी पृथ्वी की सतह के निकट वायु स्थलीय विकिरण के कारण ऊष्मा प्राप्त करती रहती है

 

5.3 ऊष्मीय प्रसार

  • गर्मियों में एफिल टॉवर तापीय प्रसार के कारण और लंबा हो जाता है
  • जब किसी पदार्थ को ऊष्मा दी जाती है - उसके अणुओं के बीच की दूरी बढ़ जाती है
  • रेल की पटरियों के जोड़ों के बीच थोड़ी जगह छोड़ी जाती है

 

5.4 सुचालक, कुचालक और ऊष्मागतिकी

  • बुरादे से ढकी बर्फ जल्दी नहीं पिघलती क्योंकि बुरादा ऊष्मा का कुचालक है

ऊष्मागतिकी के नियम:

  • शून्यवां नियम - 1931 में राल्फ एच. फाउलर ने यह शब्द दिया: यदि दो निकाय किसी तीसरे निकाय के साथ साम्य में हों तो वे आपस में भी साम्य में होते हैं
  • विलियम थॉमसन (लॉर्ड केल्विन) ने ऊष्मागतिकी के पहले दो नियमों को क्रमबद्ध किया और निष्कर्ष निकाला कि ताप का परम शून्य -273.15°C है
  • जब बर्फ बनती है - जल की एंट्रॉपी घट जाती है

 


 

6. तरंग

 

6.1 विद्युत चुंबकीय स्पेक्ट्रम

आवृत्तियों के अवरोही क्रम में विकिरणों का सही क्रम:

  • X-किरणें > अवरक्त > सूक्ष्म तरंगें > रेडियो तरंगें

आवृत्ति परास:

  • X-किरणें: 10¹⁸ Hz से 10¹⁶ Hz
  • अवरक्त: 10¹² Hz से 10¹⁰ Hz
  • सूक्ष्म तरंगें: 10¹⁰ Hz से 10⁸ Hz
  • दीर्घ रेडियो तरंगें: 10⁶ Hz से 10⁴ Hz

टीवी रिमोट कंट्रोल - इंफ्रारेड तरंगों के सिद्धांत पर काम करता है

  • कैथोड किरणें विद्युत चुंबकीय तरंगें नहीं हैं
  • अवरक्त तरंगों की खोज हर्शेल ने की थी

 

6.2 तरंग गुण

  • किसी तरंग की प्रबलता उसके आयाम के वर्ग के अनुपात में होती है
  • तरंग वेग सूत्र: V = nλ जहां V = वेग, n = आवृत्ति, λ = तरंगदैर्ध्य

 

6.3 ध्रुवीकरण

  • जिस प्रघटना ने प्रकाश के अनुप्रस्थ स्वरूप को स्थापित किया वह ध्रुवीकरण है
  • ध्रुवित प्रकाश उत्पन्न करने के लिए पोलेराइड का उपयोग होता है

 

6.4 जिन तरंगों को ध्रुवित नहीं किया जा सकता

  • पराश्रव्य तरंगें ध्रुवित नहीं की जा सकतीं क्योंकि ये अनुदैर्ध्य तरंगें हैं
  • अनुदैर्ध्य तरंगें (जैसे गैसों में ध्वनि तरंगें) को ध्रुवित नहीं किया जा सकता

 


 

7. ध्वनि

 

7.1 ध्वनि तरंगों की प्रकृति

  • डॉप्लर प्रभाव - ध्वनि/प्रकाश की आवृत्ति में परिवर्तन - की खोज ऑस्ट्रियाई वैज्ञानिक क्रिश्चियन डॉप्लर ने 1842 में की
  • ध्वनि निर्वात में गमन नहीं कर सकती (माध्यम की आवश्यकता होती है)
  • ध्वनि की चाल: गैसों में सबसे कम, तरल में अधिक, ठोस में सर्वाधिक

 

7.2 ध्वनि की चाल

  • सामान्य ताप पर वायु में ध्वनि की चाल: लगभग 343 m/s
  • 0°C पर: 332 m/s

 

7.3 ध्वनि के अभिलक्षण

  • किसी तार वाले वाद्य यंत्र से पैदा हुई संगीत की ध्वनि की गुणवत्ता ध्वनि की तरंग के रूप पर निर्भर करती है

 


 

8. प्रकाश

 

8.1 प्रकाश की प्रकृति

  • सूर्य द्वारा उत्सर्जित प्रकाश का रंग सफेद होता है
  • सफेद प्रकाश सात रंगीन प्रकाशों का मिश्रण है
  • जब सफेद प्रकाश प्रिज्म से गुजरता है तो VIBGYOR रंगों में बंट जाता है: बैंगनी, नीला, आसमानी, हरा, पीला, नारंगी, लाल
  • बैंगनी का अपवर्तन सर्वाधिक और लाल का सबसे कम होता है

 

8.2 प्रकाश का प्रकीर्णन

  • सूर्योदय और सूर्यास्त के समय सूर्य लाल क्यों दिखता है:
    • लाल को छोड़कर अन्य सभी रंग प्रकीर्णित हो जाते हैं और केवल लाल रंग हमारे पास पहुंचता है (लाल का प्रकीर्णन सबसे कम)
  • एल्पेंग्लो: वह परिघटना (प्रकाश के प्रकीर्णन द्वारा संचालित) जिसमें सूर्योदय और सूर्यास्त के समय पहाड़ों की चोटियां गुलाबी या नारंगी रंग की हो जाती हैं

 

8.3 प्रकाश का परावर्तन

  • एक दूसरे पर 120° पर झुके दो दर्पणों द्वारा कुल 2 छवियां बनेंगी
  • सूत्र: प्रतिबिंबों की संख्या = (360°/θ) - 1 = (360/120) - 1 = 3 - 1 = 2

 

8.4 प्रकाश का अपवर्तन

  • जब प्रकाश एक माध्यम से दूसरे माध्यम में जाता है - उसकी दिशा में परिवर्तन अपवर्तन कहलाता है
  • क्राउन ग्लास का अपवर्तनांक (1.52) - कनाडा वाल्सम (1.519-1.521) के सबसे निकट है

 

8.5 प्रकाश का पूर्ण आंतरिक परावर्तन

  • पानी में बुलबुलों की चमक मुख्यतः प्रकाश के पूर्ण आंतरिक परावर्तन के कारण होती है
  • जब सघन माध्यम में आपतन कोण का मान क्रांतिक कोण से अधिक हो जाता है

 

8.6 लेंस

  • लेंस की क्षमता डायोप्टर (D) में मापी जाती है - D का अर्थ डायोप्टर
  • यदि लेंस की क्षमता ऋणात्मक है - लेंस अवतल; धनात्मक - लेंस उत्तल
  • सूत्र: क्षमता (P) = 1/f जहां f फोकस दूरी मीटर में है

 

8.7 मानव नेत्र/नेत्र दोष

  • तेज रोशनी वाले कमरे से मंद रोशनी वाले कमरे में आने पर वस्तुएं इसलिए नहीं दिखतीं क्योंकि - परितारिका सिकुड़कर पुतली को छोटा बना देती है - आंख में कम प्रकाश प्रवेश करता है
  • दूरदृष्टि दोष (हाइपरमेट्रोपिया): उत्तल लेंस (कॉन्वेक्स) से ठीक होता है
  • निकटदृष्टि दोष (मायोपिया): अवतल लेंस से ठीक होता है

 


 

9. विद्युत

 

9.1 कूलॉम का नियम

  • जब दो विद्युत आवेशों के बीच दूरी दोगुनी हो जाती है - उनके बीच बल उनके पूर्व मान से एक चौथाई कम हो जाता है
  • कूलॉम का नियम: दो आवेशों के बीच बल उनके आवेशों के गुणनफल के अनुक्रमानुपाती और दूरी के वर्ग के व्युत्क्रमानुपाती होता है

 

9.2 विद्युत परिपथ

  • घरेलू विद्युत परिपथ में फ्यूज की रेटिंग विद्युत धारा के आधार पर
  • फ्यूज तार टिन (63%) और सीसा (37%) की मिश्र धातु का
  • फ्यूज हमेशा परिपथ के साथ श्रेणीक्रम में लगाते हैं

 

9.3 विद्युत धारा

  • दिष्ट धारा (DC) की आवृत्ति: शून्य हर्ट्ज
  • DC हमेशा एक ही दिशा में बहती है

 

9.4 ओम का नियम

  • जर्मनी के जॉर्ज साइमन ओहम ने 1826 में खोजा
  • V = IR (वोल्टेज = धारा × प्रतिरोध)
  • चाँदी विद्युत की सबसे अच्छी चालक है (फिर सोना, तांबा, एल्युमीनियम)
  • ग्रेफाइट अधातुओं में अच्छा विद्युत चालक है

 

9.5 प्रतिरोध

  • ओम के नियम से: R = V/I
  • उदाहरण: V = 18V, I = 3A → R = 18/3 = 6 Ω
  • तार का प्रतिरोध उसकी लंबाई और अनुप्रस्थ काट के क्षेत्रफल पर निर्भर: R = ρl/A
  • विद्युत प्रतिरोध कम करने के लिए प्रतिरोधों को समांतर क्रम में जोड़ते हैं

 

9.6 ट्रांसफार्मर

  • ट्रांसफार्मर एकीकृत परिपथ के भीतर नहीं बन सकता
  • ट्रांसफार्मर: कम वोल्टेज AC को उच्च वोल्टेज AC में बदलता है (और इसके विपरीत)

 

9.7 बैटरी/विद्युत सेल

  • बैटरी रासायनिक ऊर्जा को विद्युत ऊर्जा में बदलती है
  • सामान्य बैटरी में सल्फ्यूरिक एसिड होता है

 


 

10. चुंबकत्व

 

10.1 विद्युत चुंबकत्व

  • आंद्रे मैरी एम्पियर ने सुझाव दिया कि चुंबक को भी धारावाही चालक पर समान और विपरीत बल लगाना चाहिए
  • विद्युत धारा का SI मात्रक एम्पियर उन्हीं के नाम पर
  • विद्युत चुंबकत्व विज्ञान की खोज और नामकरण आंद्रे मैरी एम्पियर ने किया
  • माइकल फैराडे: विद्युत चुंबकीय प्रेरण - डायनेमो और जनरेटर
  • हैंस क्रिश्चियन ओर्स्टेड: चुंबकीय क्षेत्र व्युत्पन्न करने का सिद्धांत
  • जेम्स क्लर्क मैक्सवेल: विद्युत चुंबकीय सिद्धांत

 

10.2 विद्युत चुंबकीय प्रेरण

  • प्रेरित धारा उच्चतम होती है जब कुंडली की गति की दिशा चुंबकीय क्षेत्र के लंबवत होती है

 

10.3 चुंबकीय पदार्थों के प्रकार

प्रकारव्यवहारउदाहरण
प्रति चुंबकीयचुंबकीय क्षेत्र में मामूली प्रतिकर्षणबिस्मथ, फास्फोरस, जस्ता, एंटीमनी, तांबा, चाँदी, सोना, नमक, जल, हाइड्रोजन, नाइट्रोजन, पारा
अनुचुंबकीयचुंबकीय क्षेत्र में मामूली आकर्षणएल्युमीनियम, मैंगनीज, प्लेटिनम, सोडियम, ऑक्सीजन, कॉपर क्लोराइड
लौह चुंबकीयचुंबकीय क्षेत्र में तीव्र आकर्षणलोहा, निकेल, कोबाल्ट और इनकी मिश्र धातुएं

 

10.4 स्थायी चुंबक

  • स्टील (इस्पात) स्थायी चुंबक बनाने के लिए सर्वाधिक प्रभावी
  • नरम लोहा (soft iron) विद्युत चुंबक बनाने के लिए उपयोग

 

10.5 फ्लेमिंग का वाम हस्त नियम

  • फ्लेमिंग का बायां हाथ का नियम - धारा पर चुंबकीय क्षेत्र के प्रभाव से संबंधित (विद्युत मोटर)
  • फ्लेमिंग का दायां हाथ का नियम - विद्युत जनरेटर के लिए

 


 

11. इलेक्ट्रॉनिक्स

 

11.1 अर्धचालक

  • अर्धचालक में उपयुक्त विशुद्धताओं को मिलाने की प्रक्रिया स्नेहत (डोपिंग) कहलाती है

 

11.2 ट्रांजिस्टर

  • ट्रांजिस्टर को प्रवर्धक साधन (एम्पलीफायर) के रूप में उपयोग किया जाता है
  • श्रव्य (सुनने में मदद करने वाले) उपकरणों में होता है

 

11.3 डायोड

  • डायोड का उपयोग परिशोधन (rectification) के लिए किया जाता है - AC को DC में बदलना
  • डायोड की खोज ब्रिटेन के वैज्ञानिक जॉन एम्ब्रोस फ्लेमिंग ने 1904 में की

 

11.4 रेक्टीफायर

  • रेक्टीफायर (दिष्टकारी) AC को DC में परिवर्तित करते हैं
  • इनवर्टर DC को AC में बदलता है

 

11.5 कैथोड रे ट्यूब

  • फास्फोरस लेपित ग्लास स्क्रीन पर केंद्रित इलेक्ट्रॉन बीम युक्त सीलबंद ग्लास वैक्यूम ट्यूब कैथोड रे ट्यूब है

 


 

12. आधुनिक भौतिकी

 

12.1 प्रकाश वैद्युत प्रभाव

  • प्रकाश वैद्युत प्रभाव उत्पन्न करने के लिए उपयोग की जाने वाली धातु की क्रियाशीलता कम होनी चाहिए

 

12.2 एक्स-रे

  • एक्स-रे विद्युत चुंबकीय विकिरण हैं - तरंगदैर्ध्य 0.01 से 10 नैनोमीटर
  • एक्स-रे की भेदन क्षमता उच्च होती है
  • एक्स-रे की खोज विल्हेल्म रॉन्टजन ने की

 

12.3 अवरक्त किरणें

  • प्रत्येक गर्म वस्तु से अवरक्त विकिरण का उत्सर्जन होता है
  • अवरक्त किरणों की खोज विलियम हर्शेल ने की

 

12.4 बिग बैंग सिद्धांत

  • बिग बैंग सिद्धांत का प्रतिपादन बेल्जियम के खगोलज्ञ एवं पादरी एब्बे जॉर्ज लैमेनटेयर ने किया
  • अमेरिकी वैज्ञानिक एडविन हबल का नाम इससे जुड़ा है
  • हबल ने 1929 में स्पष्ट किया कि आकाश गंगाएं स्थिर नहीं हैं बल्कि एक दूसरे से दूर होती जा रही हैं

 


 

13. नाभिकीय भौतिकी

 

13.1 नाभिकीय संलयन

  • जब दो हल्के नाभिक उच्च ताप पर परस्पर संयुक्त होकर एक भारी तत्व का नाभिक बनाते हैं - नाभिकीय संलयन कहलाता है
  • नाभिकीय विखंडन: एक भारी नाभिक खंडित होकर दो या अधिक भागों में टूटता है

 


 

14. आविष्कार

आविष्कारआविष्कारकवर्ष
प्रिंटिंग प्रेसगुटेनबर्ग1450 ईस्वी
भाप इंजन (सुधरा)जेम्स वाट1769
कॉटन जिनएली व्हिटनी1793
परमाणु बैटरीहेनरी मोसले1912
बोस-आइंस्टीन कंडेनसेट (BEC)सत्येंद्र नाथ बोस + अल्बर्ट आइंस्टीन1924 (भविष्यवाणी)
केवलर (बुलेटप्रूफ फाइबर)स्टेफनी लुईस क्वोलेक1965
न्यूट्रॉन की खोजजेम्स चैडविक1932 (नोबेल पुरस्कार)
रेडियो प्रसारणगुग्लिएल्मो मार्कोनी1890 का दशक

उप-परमाणु कणों के खोजकर्ता:

 

कणआवेशद्रव्यमानखोजकर्ता
इलेक्ट्रॉन-19.1×10⁻²⁸ gजे.जे. थॉमसन
प्रोटॉन+11.6×10⁻²⁴ gगोल्डस्टीन
न्यूट्रॉन01.67×10⁻²⁴ gजेम्स चैडविक

 


 

15. विविध भौतिकी

 

15.1 महत्वपूर्ण परिघटनाएं

डॉप्लर प्रभाव (1842): ध्वनि या प्रकाश की आवृत्ति में परिवर्तन जब स्रोत और श्रोता के बीच आपेक्षिक गति हो - क्रिश्चियन डॉप्लर ने खोजा

जीमैन प्रभाव: जब किसी चुंबकीय क्षेत्र में प्रकाश स्रोत रखा जाए तो प्रत्येक वर्णक्रम रेखा कई घटक रेखाओं में विभाजित हो जाती है

बर्नौली का सिद्धांत: समान रूप से प्रवाहित द्रव के प्रति इकाई द्रव्यमान की कुल ऊर्जा - गतिज, स्थितिज और द्रव-दाब ऊर्जा का योग - एक नियत मान के बराबर होती है

  • उदाहरण: रेलवे प्लेटफार्म पर खड़ा व्यक्ति तेजी से आती ट्रेन की ओर खिंचाव महसूस करता है

वैन एलेन विकिरण बेल्ट: चुंबकीय रूप से फंसे अत्यधिक ऊर्जावान आवेशित कणों की विशाल पट्टी जो पृथ्वी को घेरे रहती है

तारे चमकते हैं, ग्रह नहीं: ग्रह पृथ्वी के करीब हैं इसलिए अधिक प्रकाश मिलता है और छोटे-मोटे परिवर्तन नजर में नहीं आते; तारे बहुत दूर हैं - उनकी रोशनी हम तक पहुंचते-पहुंचते समान्तर हो जाती है - वायुमंडल में अपवर्तन के कारण टिमटिमाते हैं

ARPANET: इंटरनेट का अग्रदूत - अमेरिका के रक्षा विभाग की ARPA एजेंसी द्वारा शुरू

 

15.2 कुचालक बनाम चालक

  • पारा (मरकरी) एक चालक है - कुचालक नहीं
  • कुचालक: इबोनाइट, काँच, सूखा कागज, मोम

 

15.3 सर्वोत्तम अधिशोषक

  • संक्रियित नारियल काष्ठ कोयला सबसे अच्छा अधिशोषक है

 

15.4 एल्कोहल की वाष्पशीलता

  • एल्कोहल पानी से अधिक वाष्पशील है क्योंकि उसका क्वथनांक पानी से कम होता है

 

15.5 रेडियो ट्यूनिंग

  • रेडियो की ट्यूनिंग के लिए उपयुक्त घटक मूलतः एक संघनक (कैपेसिटर) होता है

 

15.6 सौर सेल पैनल

  • सौर सेलों के जिस समूह को एक निश्चित पैटर्न में एक साथ जोड़ दिया जाता है उसे सौर सेल पैनल कहते हैं

 

15.7 ISO उपसर्ग

  • स्थिर वैज्ञानिक शब्दों को वर्णित करने के लिए उपसर्ग के रूप में आइसो (ISO) शब्द का उपयोग किया जाता है

 


 

16. SSC CGL महत्वपूर्ण एक-पंक्ति तथ्य - भौतिकी

  1. बल का SI मात्रक न्यूटन है
  2. 1 अश्वशक्ति = 746 वाट
  3. कार्य करने की दर शक्ति कहलाती है
  4. गतिज ऊर्जा द्रव्यमान और वेग दोनों पर निर्भर करती है
  5. न्यूटन का द्वितीय नियम बल की परिमाणात्मक परिभाषा देता है
  6. F = ma न्यूटन के द्वितीय नियम से प्राप्त होता है
  7. तोप फायरिंग के बाद पीछे हटना न्यूटन के तृतीय नियम का उदाहरण है
  8. परम शून्य = 0 K = -273°C
  9. केल्विन स्केल लॉर्ड केल्विन (विलियम थॉमसन) के नाम पर
  10. पास्कल का नियम: बंद बर्तन में दाब समान रूप से सभी ओर संचारित होता है
  11. अधिक ऊंचाई पर क्वथनांक घटता है - कम वायुमंडलीय दाब के कारण
  12. चाँदी विद्युत की सबसे अच्छी चालक है
  13. ग्रेफाइट अधातुओं में अच्छा विद्युत चालक है
  14. फ्यूज तार टिन (63%) और सीसा (37%) की मिश्र धातु से बना
  15. ओम का नियम: V = IR - जॉर्ज साइमन ओहम (जर्मनी) ने खोजा
  16. ट्रांसफार्मर कम वोल्टेज AC को उच्च वोल्टेज AC में बदलता है
  17. बैटरी रासायनिक ऊर्जा को विद्युत ऊर्जा में बदलती है
  18. DC धारा की आवृत्ति शून्य हर्ट्ज होती है
  19. डोपिंग अर्धचालकों में अशुद्धता मिलाने की प्रक्रिया है
  20. ट्रांजिस्टर श्रव्य उपकरणों में प्रवर्धक के रूप में
  21. डायोड AC को DC में बदलता है (परिशोधन)
  22. डायोड की खोज जॉन एम्ब्रोस फ्लेमिंग ने 1904 में की
  23. X-किरणों की खोज विल्हेल्म रॉन्टजन ने की
  24. अवरक्त किरणों की खोज विलियम हर्शेल ने की
  25. प्रत्येक गर्म वस्तु से अवरक्त विकिरण उत्सर्जित होता है
  26. डॉप्लर प्रभाव की खोज क्रिश्चियन डॉप्लर ने 1842 में की
  27. ध्वनि निर्वात में गमन नहीं कर सकती
  28. सामान्य ताप पर वायु में ध्वनि की चाल: 343 m/s
  29. पूर्ण आंतरिक परावर्तन - पानी के बुलबुलों की चमक का कारण
  30. ध्रुवीकरण प्रकाश के अनुप्रस्थ स्वरूप को स्थापित करता है
  31. एक माध्यम से दूसरे में प्रकाश का अपवर्तन होता है
  32. सफेद प्रकाश प्रिज्म से VIBGYOR रंगों में बंटता है
  33. बैंगनी का अपवर्तन सर्वाधिक, लाल का सबसे कम
  34. सूर्योदय/सूर्यास्त पर लाल इसलिए - लाल का प्रकीर्णन सबसे कम
  35. एल्पेंग्लो - पहाड़ों की चोटियां सूर्योदय/सूर्यास्त पर गुलाबी - प्रकाश प्रकीर्णन से
  36. सिस्मोग्राफ - भूकंप तीव्रता मापता है
  37. बैरोमीटर - वायुमंडलीय दाब मापता है
  38. हाइग्रोमीटर - सापेक्षिक आर्द्रता मापता है
  39. एनीमोमीटर - हवा की गति मापता है
  40. फैदोमीटर - समुद्र की गहराई मापता है
  41. पारसेक खगोलीय दूरी (लंबाई) का मात्रक है
  42. 1 पारसेक ≈ 3.262 प्रकाश वर्ष
  43. ब्यूफोर्ट स्केल हवा की गति मापता है (0 से 12)
  44. डेसिबल ध्वनि तीव्रता का मात्रक है
  45. लौह चुंबकीय पदार्थ: लोहा, निकेल, कोबाल्ट
  46. स्टील (इस्पात) स्थायी चुंबक बनाने के लिए
  47. नरम लोहा विद्युत चुंबक बनाने के लिए
  48. आंद्रे मैरी एम्पियर ने धारावाही चालक पर चुंबक के बल का सुझाव दिया
  49. न्यूट्रॉन की खोज जेम्स चैडविक ने 1932 में की
  50. नाभिकीय संलयन: दो हल्के नाभिक मिलकर एक भारी नाभिक बनाते हैं

 


 

17. अध्याय सारांश

 

भौतिकी SSC CGL के लिए सामान्य विज्ञान की रीढ़ है। सबसे महत्वपूर्ण विषय:

विषययाद रखने योग्य मुख्य तथ्य
मात्रकन्यूटन=बल, जूल=कार्य, वाट=शक्ति, पास्कल=दाब, एम्पियर=धारा
न्यूटन के नियम1st=जड़त्व, 2nd=F=ma (परिमाणात्मक बल), 3rd=क्रिया-प्रतिक्रिया
ऊष्मा0 K = -273°C, केल्विन स्केल थॉमसन द्वारा, एफिल टॉवर गर्मियों में फैलता है
प्रकाशVIBGYOR, बैंगनी सर्वाधिक झुकता, पूर्ण आंतरिक परावर्तन, एल्पेंग्लो
ध्वनिडॉप्लर 1842, वायु में 343 m/s, निर्वात में नहीं
विद्युतओम का नियम V=IR, चाँदी सर्वोत्तम चालक, फ्यूज=टिन+सीसा
चुंबकत्वलौह चुंबकीय: Fe/Ni/Co, फ्लेमिंग का बायां हाथ = मोटर
यंत्रसिस्मोग्राफ=भूकंप, बैरोमीटर=दाब, हाइग्रोमीटर=आर्द्रता